रैंप योजना अंतर्गत लघु वनोपज आधारित फूड प्रोसेसिंग प्रशिक्षण सम्पन्न
रायपुर : भारत सरकार की रैंप योजना के अंतर्गत सीएसआईडीसी, रायपुर के बैनर तले तथा निम्समे, हैदराबाद के सहयोग से कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके), भाटापारा में 19 से 21 मार्च 2026 तक सेक्टर-विशिष्ट प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण लघु वनोपज (माइनर फॉरेस्ट प्रोड्यूस) आधारित फूड प्रोसेसिंग पर केंद्रित था।
प्रशिक्षण के प्रथम दिवस पर कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. अंगद सिंह राजपूत ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए लघु वनोपज के मूल्य संवर्धन, आधुनिक तकनीकों के उपयोग तथा विपणन के महत्व की विस्तृत जानकारी दी।
तीन दिवसीय प्रशिक्षण में बलौदाबाजार जिले के उद्यमियों, महिला उद्यमियों तथा महिला स्व-सहायता समूहों की सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान श्रीमती दीपमाला लकरा द्वारा लघु वनोपज से विभिन्न उत्पाद तैयार करने की तकनीक, मार्केटिंग, ब्रांडिंग तथा आवश्यक प्रमाणन (सर्टिफिकेशन) की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण के द्वितीय दिवस पर जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र, भाटापारा के प्रबंधक श्री जितेंद्र धिरही ने प्रतिभागियों को विभिन्न शासकीय योजनाओं की जानकारी प्रदान की। साथ ही प्रायोगिक सत्रों का आयोजन किया गया, जिसमें प्रतिभागियों को चीकू, तेंदू आदि से आइसक्रीम, अचार एवं जूस जैसे उत्पाद बनाना सिखाया गया।
समापन अवसर पर डॉ. सविता राजपूत द्वारा प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों में सीखने एवं स्वरोजगार के प्रति विशेष उत्साह देखा गया।
लेमनग्रास -किसानों के लिए कम पानी में ज्यादा कमाई का साधन
चेकडैम बना ग्रामीण आत्मनिर्भरता का मजबूत आधार, जल संरक्षण से बदली खेती की तस्वीर
कौशल और सामाजिक उद्यमिता से होगा भारत विकसित : राज्यपाल पटेल
द्वारका नगरी योजना से शहरी विकास को मिलेगी नई गति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ से बदली तस्वीर
3147 करोड़ के मेगा प्रोजेक्ट का काम शुरु
वर्षा जल संरक्षण में प्रदेश का जनजातीय जिला डिंडोरी देश में प्रथम स्थान पर
हमारे प्रधानमंत्री श्री मोदी जी जनसंपर्क का सर्वश्रेष्ठ उदाहरण: निमदेव
चुनाव से पहले सियासी घमासान: पीएम मोदी पर बयान को लेकर खरगे को EC का नोटिस
किसानों को ग्रामीण क्षेत्र की कृषि भूमि के भूअर्जन पर मिलेगा बाजार दर का 4 गुना मुआवजा